रूस के सुदूर पूर्वी इलाके कमचात्का में इस बार की सर्दी पिछले 30 वर्षों में सबसे भयावह साबित हो रही है. यहां हालात कितने खराब है इसके बारे में एक वायरल पोस्ट में बताया गया कि इलाके में 13 फीट (लगभग 4 मीटर) तक बर्फ जमा हो चुकी है. तेज ठंडी हवाओं ने इसे ऊंचे-ऊंचे ढेरों में बदल दिया, मानो पूरी बर्फ को हवा ने इकट्ठा कर टावर बना दिए हों. तापमान भी खतरनाक स्तर तक नीचे जा चुका है. -5.8°F (यानी लगभग -21°C) तकतेज तूफान ने शहरों को दबायाकमचात्का में आए इस शक्तिशाली स्नोस्टॉर्म ने कई शहरों को बर्फ में पूरी तरह दफ्न कर दिया है. द मॉस्को टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, राजधानी पेत्रोपावलोव्स्क-कमचात्स्की में बर्फीले ढेरों और छतों से फिसली बर्फ के कारण कम से कम दो लोगों की मौत हो चुकी है. पहली मौत की पुष्टि के बाद, शहर के मेयर ने सिटीवाइड इमरजेंसी घोषित कर दी, ताकि बर्फ हटाने और राहत कार्यों के लिए अतिरिक्त संसाधन जुटाए जा सकें.प्रशासन की नाराजगी: “छतों की बर्फ क्यों नहीं हटाई?”मेयर बेल्यायेव ने प्रॉपर्टी मैनेजमेंट कंपनियों पर गुस्सा जताते हुए कहा कि उन्होंने समय रहते छतों की बर्फ नहीं हटाई, और तूफान गुजरने का इंतज़ार करते रहे. तेज हवाओं और लगातार गिरती बर्फ के कारण कई इमारतों की छतों पर खतरनाक मात्रा में बर्फ जमा हो गई थी, जो अचानक नीचे गिरने लगी, इसी दौरान कई हादसे हुए
