बांग्लादेश में उसके हालिया इतिहास का सबसे महत्वपूर्ण चुनाव 12 फरवरी को होने जा रहा है. इस चुनाव के लिए पार्टियों का कैंपेन मंगलवार की सुबह 7 बजे आधिकारिक रूप में समाप्त हो जाएगा. यानी सोमवार प्रभावी प्रचार और रैलियों का आखिरी दिन है. ऐसे में बांग्लादेश के इस आम चुनाव के लिए वहां कि दो मुख्य पार्टियां, बांग्लादेश जमात-ए-इस्लामी और बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्ट (BNP) मतदाताओं को लुभाने के लिए हर संभव कोशिश कर रही हैं. चुनाव एकतरफ नहीं है, यहां दोनों के बीच एक कड़ा मुकाबला दिख रहा है.दरअसल अगस्त 2024 में हिंसक विरोध प्रदर्शन के बाद शेख हसीना की सरकार गिर गई. उसके बाद बांग्लादेश में जो अंतरिम सरकार बनी, उसने शेख हसीना की पार्टी, अवामी लीग की राजनीतिक गतिविधियों पर बैन लगा दिया. इस वजह से बांग्लादेश ने दो ताकतों को अपनी राजनीति में प्रमुख खिलाड़ियों के रूप में उभरते देखा है. कभी मिलकर चुनाव लड़ने वाली बांग्लादेश जमात-ए-इस्लामी और शेख हसीना के कार्यकाल में मुख्य विपक्षी दल बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी, आज आमने-सामने हैं. आम चुनाव (Bangladesh Election 2026) इन दोनों ताकतों के बीच का मुकाबला बन गया है.
